लोकतांत्रिक प्रक्रिया को समझने का तरीका है निर्वाचन – दीपक राजा

  • गुप्त मतदान से होगा बरनवाल वैश्य सभा दिल्ली की नई कार्यकारिणी का चुनाव
  • नई कार्यकारिणी के लिए बनाए गए तीन चुनाव अधिकारी
  • श्री राजेन्द्र लाल, अधिवक्ता संदीप गुप्ता और अधिवक्ता रणधीर गुप्ता को मिला चुनाव कराने की जिम्मेदारी

दिल्ली बरनवाल समाज की प्रतिनिधि संस्था वैश्य सभा की पहली विशेष आम सभा की बैठक 4 अगस्त, 2019 को हुई। ये विशेष बैठक आईटीओ मेट्रो स्टेशन के पास जवाहर लाल नेहरू युवा केंद्र, दिल्ली के नारायण दत्त तिवारी भवन में हुई। सोसाइटी एक्ट 1860 के तहत पंजीकृत बरनवाल वैश्य सभा को बेहतर रूप से संचालित करने के लिए संस्था के संविधान में कुछ संशोधन किया गया।

संस्था की परिकल्पना से लेकर अब तक के इतिहास में पहली बार बरनवाल वैश्य सभा की आम सभा की बैठक में तय हुआ कि सभा के नई कार्यकारिणी का चुनाव गुप्त मतदान के द्वारा किया जाएगा। सभा के मीडिया प्रभारी और बरन पुंज के संपादक दीपक राजा ने बताया कि सभा समाज के लोगों को चुनाव प्रक्रिया को व्यवहारिक रूप से जागरूक करने के लिए देश के लोकतांत्रिक प्रक्रिया को अपना रही है। गुप्त मतदान के द्वारा नई कार्यकारिणी के निर्वाचन करने से समाज के लोगों में चुनाव में उम्मीदवार बनने, नामांकन प्रक्रिया की जटिलता को समझने का मौका मिलेगा। सभा के सभी सदस्यों के साथ वन टू वन मिलने और जनसंपर्क करने की प्रेरणा मिलेगी। इतना ही नहीं पूरे देश में रहने वाले शुभचिंतकों के बीच पारदर्शी होने का शुभ संकेत जाएगा।

बरनवाल वैश्य सभा की वर्तमान कार्यकारिणी में बहुमत के आधार पर युवा अधिवक्ता रणधीर गुप्ता, वरिष्ठ सदस्य श्री राजेन्द्र लाल और अधिवक्ता संदीप गुप्ता को चुनाव अधिकारी बनाया गया और उन्हें नई कार्यकारिणी के पदाधिकारियों का चुनाव कराने की जिम्मेदारी दी गई। कार्यकारिणी के इस निर्णय को आम सभा ने अपनी सहमति दे दी।

आम सभा की सहमति के बाद बरनवाल वैश्य सभा के सदस्यों की सूची सभा के अध्यक्ष डॉ. नरेन्द्र कुमार बरनवाल के आदेश से नोटिस बोर्ड पर प्रकाशित किया गया। सूची में कुछ सदस्यों ने अपनी आपत्तियां दर्ज की, जिसे एक-दो दिन में दुरुस्त कर लिया जाएगा। सूची दुरुस्त करने के बाद चुनाव अधिकारी के पास सदस्यों की पूरी सूची चली जाएगी, जिसे चुनाव प्रक्रिया पूर्ण होने तक बरनवाल वैश्य सभा की नई कार्यकारिणी के लिए मतदाता सूची के रूप में जाना जाएगा।

तस्वीरों में आम सभा की झलकियां

दिल्ली बरनवाल समाज का तीसरा युवक-युवती परिचय सम्मेलन संपन्न

बरनवाल वैश्य सभा दिल्ली के तत्वावधान में तीसरा युवक-युवती परिचय सम्मेलन संपन्न हुआ। यह सम्मेलन जवाहर लाल नेहरू युवा केंद्र, दिल्ली के नारायण दत्त तिवारी भवन के चौथी मंजिल पर आयोजित हुआ। बरनवाल समाज के युवा सदस्यों को उन्हें जीवन साथी की तलाश को पूरी करने के लिए लगातार तीसरे वर्ष सभा ने इस सम्मेलन का आयोजन किया। इस सम्मेलन में आने वाले 30 से अधिक युवक और युवतियों ने अपना-अपना परिचय दिया जबकि लगभग इतनी ही संख्या में युवक-युवतियों का बायो डाटा पढ़ा गया। इन सभी लोगों का डाटा आए हुए युवक-युवतियों के बीच शेयर किया गया। इसी माह आने वाले बरन पुंज अंक में सभी युवक-युवतियों का बायोडाटा का संक्षिप्त विवरण प्रकाशित किया जाएगा।

तस्वीरों में देखिए कार्यक्रम की झलकियां

सभी फोटो – बरनवाल वैश्य सभा

दिल्ली होली मिलन में बच्चों का जलवा

बरनवाल वैश्य सभा दिल्ली और युवा भारती ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में होली मंगल मिलन कार्यक्रम का आयोजन दिल्ली में हुआ। राष्ट्रीय बाल भवन के समीप चंद्रशेखर भवन में आयोजित इस कार्यक्रम में बच्चों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। महाराजा अहिबरण जी की वंदना और दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। दीप प्रज्वलन के बाद सुश्री जिया बरनवाल ने सरस्वती वंदना पर अपनी प्रस्तुति देकर लोगों का मन मोह लिया। चाहे तो नीचे दिए वीडियो को आप भी क्लिक करके देख सकते हैं। सरस्वती वंदना के बाद एक के बाद एक सभी समाज के प्रबुद्ध लोगों का परिचय हुआ। नोएडा से जहां लोकप्रिय ज्योतिष और एस्ट्रोलजर शिव प्रसाद आनंद और सामाजिक कार्यकर्ता शैलेन्द्र बरनवाल आए तो पानीपत से होली मिलन में भाग लेने के लिए लोकेश बरनवाल जी सपरिवार यहां आए। समाज के कई गण्यमान्य लोगों ने अपने-अपने अनुभव सुनाए। पहली बार बरनवाल वैश्य सभा दिल्ली के कार्यक्रम में कविता पाठ का भी आनंद लिया गया।

‘मोदी मंत्र’, ‘मोदी सूत्र’ के बाद बाजार में आई ‘मोदी नीति’

भारतेंदु हरिश्चन्द्र पुरस्कार से सम्मानित वरिष्ठ पत्रकार और लेखक डॉ. हरीश चन्द्र बर्णवाल की प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर एक नई पुस्तक ‘मोदी नीति’ प्रकाशित हुई है। प्रधानमंत्री मोदी पर यह उनकी तीसरी पुस्तक है, जिसे प्रभात प्रकाशन ने प्रकाशित किया है। 2019 लोकसभा चुनाव से पहले आई यह पुस्तक बताती है कि मोदी सरकार के पांच वर्षों की कार्यशैली से इस देश की सभ्यता, संस्कृति और समाज पर कितना गहरा और व्यापक असर पड़ा है, इसके दूरगामी प्रभाव क्या होंगे।

‘मोदी नीति’ में सहज तरीके से आंकड़ों के माध्मय से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कार्यकाल की समालोचना करता है। सिर्फ नेतृत्व करने वाले व्यक्ति के बदलने मात्र से देश की दिशा और दशा इतनी तेजी से कैसे बदला, उस पर एक विश्लेषण भी पुस्तक के माध्यम से देखने को मिलेगा। पुस्तक के नौ चैप्टर में लोक संस्कृति से लेकर पौराणिक ग्रंथों तक, योग से लेकर स्वास्थ्य क्रांति तक, पत्रकारिता से लेकर पर्यावरण तक और भाषाई एकजुटता से लेकर न्यू इंडिया के संकल्प तक जैसे विषयों को विश्लेषित करने का प्रयास किया गया।

  • दीपक राजा

सच्ची सुंदरता

सुंदरता मुख्य रूप से दो प्रकार की कही जा सकती है – आंतरिक सुंदरता और बाह्य सुंदरता अर्थात् मन की सुंदरता और तन की सुंदरता। जब हम कहते हैं कि अमुक व्यक्ति का मन अतिसुंदर है, तो इसका अभिप्राय है कि परोपकार, करुणा, दया आदि मानवीय गुणों से वह व्यक्ति परिपूर्ण है। किन्तु जब हम किसी व्यक्ति के विषय में यह कहते हैं कि देखो, वह व्यक्ति कितना सुंदर दिखाई दे रहा हैं, तो इसका मतलब है कि शारीरिक सौष्ठव, रंग-रूप की दृष्टि से वह व्यक्ति आकषर्ण का केंद्र है।  Continue reading “सच्ची सुंदरता”

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बरन पुंज के जुलाई 2018-जून 2019 का संयुक्तांक पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

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